Uttarakhand International Film Festival for Documentary, Short and Animation Films
The tentative schedule for UIFF screening programme is finalized. This time lot of Films, Documentries, Short and animation films are being shown.It is proposed to screen package of censored films from Uttarakhand on 29th April, 2010.The screening programme will be finalised on receipt of the details of the films (censored) from UIFF. All these screening [...]
Entry to UIFF is Free
The chairman of UFCC and Director Uttarakhand International Film Festival (UIFF), Dr. R.K.Verma informed that entry to watch movies in UIFF is free. All you have to do is to get a Delegate Pass. Delegate Card For UIFF The process of issuing delegate passes would start from Monday, 12th April,2010. Please reach at “Uttaranchal Film [...]
Uttarakhand International Film Festival in Dehradoon
Uttaranchal Film Chamber of Commerce, apex body of the Film Industry in the State, was formed in 2001 at Dehradun. It was inaugurated by Smt. Sushma Swaraj, the then Hon’ble Union Minister for Information and Broadcasting as the Chief Guest.Famous Film Maker and the then President of IMPPA and Film Federation of India, Shri Shakti [...]
साहित्यकारों का फिल्मों में योगदान: विदेशी साहित्यकार
[पिछ्ले भागों ( भाग - 1 , भाग-2 , भाग - 3) में हम जान चुके हैं कि कैसे संस्कृत कृतियों , हिन्दी कथाकारों की कृतियों और क्षेत्रीय भाषा की कृतियों पर भारतीय फिल्में बनती रही हैं,अब जानते हैं किस प्रकार विदेशी साहित्यकारों की कृतियों पर भारतीय फिल्में बनायी गयी। ऐसी फिल्मों की एक लंबी [...]
भारतीय साहित्यकारों का फिल्मों में योगदान: क्षेत्रीय भाषा के साहित्यकार
[पिछ्ले भागों (भाग - 1 , भाग - 2) में आपने जाना कि किसा प्रकार साहित्यिक कृतियों पर फिल्में बनती रही हैं। चाहे वह संस्कृत में लिखी हुई कालजयी कृतियाँ व चाहे वह हिन्दी साहित्यकारों की रचनायें। भारतीय फिल्मों में अन्य भाषाओं के साहित्यकारों का भी काफी योगदान रहा है। चाहे वह बंगला भाषा की [...]
भारतीय साहित्यकारों का फिल्मों में योगदान: हिन्दी कथाकार
[पिछ्ले भाग में आपने पढ़ा कि किस प्रकार साहित्य का हिन्दी फिल्मों में योगदान रहा है। संस्कृत कथाकारों की बहुत सी कालजयी कृतियों पर अनेकों फिल्में बन चुकी हैं। यही बात हिन्दी कथाकारों पर भी लागू होती है। इस भाग में जानते हैं उन फिल्मों के बारे में को किसी हिन्दी साहत्यिक कृति पर बनी।] [...]
भारतीय साहित्यकारों का फिल्मों में योगदान
[भारतीय सिनेमा के इतिहास में साहित्य का एक अलग ही स्थान रहा है। एक समय ऐसा था जब साहित्यकारों की कृतियों को न केवल आदर सम्मान व रूचि के साथ पढ़ा जाता था वरन उनको आत्मसात करने के प्रयास भी किये जाते थे। उसी दौरान बहुत सी साहित्यिक कृतियों पर फिल्में बनी...किन्तु आज के इस [...]
क्या आप जानते हैं ?
गुरूदेव रविन्द्र नाथ ठाकुर के बारे में गुरुदेव रवीन्द्र नाथ टैगौर कि गुरूदेव रवीन्द्रनाथ ठाकुर ने सन् 1911 में ‘जन गण मन’ की रचना की थी। कि गुरूदेव रवीन्द्रनाथ ठाकुर को सन् 1913 में उनके काव्य संग्रह ‘गीतांजली’ को साहित्य की श्रेणी में ‘नोबेल पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया था। कि गुरूदेव रवीन्द्रनाथ ठाकुर को [...]
First Film Produced In Different Languages
[In Last some articles [Part 1, Part 2, Part 3] we have seen how Indian film industry evolved over a period of time. This has happened for hindi films as well as for regional films and this was not limited to India but all over the world people appriciated this new medium and films were [...]
भारत में फिल्म उद्योग का जन्म एवं प्रारम्भिक विकास – 3
[पिछ्ले भाग 1 व भाग 2 में आपने पढ़ा कि किस प्रकार भारत में सिनेमा का विकास हुआ। बंबई से प्रारम्भ होकर सिनेमा कलकत्ता व दक्षिण भारत तक पहुँचा। धीरे धीरे तत्कालीन सिनेमा नें लोगों के दिमाग में अपनी जगह बना ली। उसी समय उदय हुआ दादा साह फाल्के का जिन्हें भारतीय हिन्दी सिनेमा का [...]




